Monthly Archives: November 2016

Maa aur Tau ji ki Khet me Chudai

माँ और ताऊ जी की खेत मे चुदाई

मैं इस साईट की लगभग सारी कहानियाँ पढ़ता हूँ। मुझे सारी कहानियाँ बेहद ही अच्छी लगी। उनको पढने के बाद मैं एक ऐसी कहानी लाया हूँ जिसे मैंने अपनी आँखों के सामने होते हुये देखा था। इससे पहले कि मैं अपनी कहानी को शुरु करूँ, सबसे पहले मैं उन दोनों लोगों का परिचय आपसे करा दूँ।

इस कहानी में दो लोग- कोई और नहीं एक मेरी माँ और दूसरा एक इन्सान मेरे ताऊ जी जिसकी उमर साठ साल की है। यह कहानी वैसे तो कुछ पुरानी है लेकिन मेरे सामने जब भी वो दिन याद आता है तो मुझे ऐसा लगता है कि यह कल की ही बात है। मेरा नाम कमल है हमांरे परिवार में मैं, माँ और पापा हैं। मेरे पापा सेल्समैन हैं, वो कई कई दिनो तक बाहर रहते हैं…।

वैसे भी हमांरे सारे सम्बन्धी गांव में रहते हैं, हम साल में दो या तीन बार जाते हैं। वहाँ हमांरे ताऊ जी रहते हैं, उनकि पत्नी की मौत के बाद वो अकेले ही रहते हैं। हम नवरात्रि में गाँव जाने वाले थे। पापा भी आने वाले थे लेकिन उनको कुछ काम आ गया तब उन्होंने हम दोनों को गांव जाने के लिये कहा।

माँ ने कहा- ठीक है। Continue reading

Nanad aur Pati Ke Saath Chudai – Part 2

ननद और पति के साथ चुदाई – पार्ट 2

“भाभी चलो और करते हैं ना” किरण ने अधीरता से फ़रमाइश की और कोमल मान गई. ननद भाभी का चूत चूसने का यह कार्यक्रम दो तीन घन्टे तक लगातार चला जब तक दोनों थक कर चूर नहीं हो गई. किरण कभी इतनी नहीं झड़ी थी. आखिर लस्त होकर बिस्तर पर निश्चल पड़ गई. दोनों एक दूसरे की बाहों में लिपटकर प्रेमियों जैसे सो गई.

शाम को कोमल ने चूम कर बच्ची को उठाया. “चल किरण, उठ, तेरे भैया के आने का समय हो गया. कपड़े पहन ले नहीं तो नंगा देखकर फ़िर तुझ पर चढ़ पढ़ेंगे” किरण घबरा कर उठ बैठी. “भाभी मुझे बचा लो, भैया को मुझे चोदने मत देना, बहुत दुखता है.”

कोमल ने उसे डांटा “पर मजे से हचक के हचक के चुदा भी तो रही थी बाद मे, ‘हाय भैया, चोदो मुझे’ कह कह के”. किरण शरमा कर बोली. “भाभी बस आज रात छोड़ दो, मेरी बुर को थोड़ा आराम मिल जाये, कल से जो तुम कहोगी, वह करूंगी”. “चल अच्छा, आज तेरी चूत नहीं चुदने दूंगी.” कोमल ने वादा किया और किरण खुश होकर उससे लिपट गई. Continue reading

Nanad aur Pati ke Saath Chudai – Part 1

ननद और पति के साथ चुदाई – पार्ट 1

रवि बहुत दिनों से अपनी छोटी बहन किरण को भोगने की ताक में था। रवि एक जवान हट्टा कट्टा युवक था और अपनी पत्नी कोमल और बहन किरण के साथ रहता था। किरण पढ़ाई के लिये शहर आई हुई थी और अपने भैया और भाभी के साथ ही रहती थी.

वह एक कमसिन सुंदर किशोरी थी। जवानी में कदम रखती हुई वह बाला दिखने में साधारण सुंदर तो थी ही पर लड़कपन ने उसके सौन्दर्य को और भी निखार दिया था। उसके उरोज उभरना शुरू हो गये थे और उसके टाप या कुर्ते में से उनका उभार साफ़ दिखता था। उसकी स्कूल की ड्रेस की स्कर्ट के नीचे दिखतीं गोरी गोरी चिकनी टांगें रवि को दीवाना बना देती थी। किरण थी भी बड़ी शोख और चंचल। उसकी हर अदा पर रवि मर मिटता था.

रवि जानता था कि अपनी ही छोटी कुंवारी बहन को भोगने की इच्छा करना ठीक नहीं है पर विवश था। किरण के मादक लड़कपन ने उसे दीवाना बना दिया था। वह उसकी कच्ची जवानी का रस लेने को कब से बेताब था पर ठीक मौका न मिलने से परेशान था। उसे लगने लगा था कि वह अपने आप पर ज्यादा दिन काबू नही रख पायेगा। चाहे जोर जबरदस्ती करनी पड़े, पर किरण को चोदने का वह निश्चय कर चुका था. एक बात और थी। अह अपनी बीवी कोमल से छुपा कर यह काम करना चाहता था क्योंकि वह कोमल का पूरा दीवाना था और उससे दबता था। कोमल जैसी हरामी और चुदैल युवती उसने कभी नहीं देखी थी। बेडरूम में अपने रन्डियों जैसे अन्दाज से शादी के तीन माह के अन्दर ही उसने अपने पति को अपनी चूत और गांड का दीवाना बना लिया था। रवि को डर था कि कोमल को यह बात पता चल गई तो न जाने वह गुस्से में क्या कर बैठे. Continue reading

Maami ne Chudwaya

मामी ने चुदवाया

आज से लगभग 6 साल पहले जब मेरी उम्र 20 साल कि थी तब एक दिन मेरे घर मेरे मामा और मामी आये। वे मधयप्रदेश में रहते थे लेकिन कुछ कारणों से उन्होंने अपना शहर छोर दिया औए वो हमारे घर आ गये। मेरी मामी गोरी चिटटी, चौड़ी कमर और भरे बदन की थी। जब मैने उन्हें पहली बार देखा तो देखता ही रह गया और उन्हें कैसे चोदूं यह सोचने लगा। मेरे मामा को काम की तलाश थी तो मेरी मां ने कहा कि तुम मामा के लिये कोई नोकरी तलाश करो। मैने मामा के लिये एक अच्छी नोकरी तलाश ली। मामा नौकरी पे जाने लगे। इधर मामी अकेली रहती थी और मै भी घर मे अकेला रहता था। इस बीच हम दोनो खूब घुल मिल गये थे। मै मामी से मजाक भी कर लेता था।

एक दिन वह कपड़े धो रही थी। मामी के स्तन दिख रहे थे। गोरे गोरे बूब्स देख कर मै उत्तेजित हो गया। तभी मामी की नज़र मुझ पर गयी लेकिन मुझे पता नहीं चला। उन्होंने कुछ नहीं कहा और वो अपना काम करती रही। शायद उन्होंने मेरा इरादा भांप लिया था। मै मन ही मन उन्हें चाहने लगा था। ख्वाबों मे उन्हें चोदने लगा था। Continue reading

Pariwaar me Chudai

परिवार मे चुदाई

दोस्तों मेरी शादी छोटी एज मैं हो गयी थी और उस समय मैं १८ साल की ही थी मेरे को मेरी मां ने कहा था कि मैं मेरे ससुर, पति और नंद की इज़्ज़त करूं और उनकी सब बातें मानू। मेरा पति उस समय २१ साल का था और वो आर्मी में था। शादी के बाद ५ दिन साथ रह के वो ड्युटी पर चला गया और मैं मेरे ससुर और ननद के साथ ससुराल में रह गयी। मेरे को मेरा भाई लेने आया तो मेरे ससुर ने भेजने से मना कर दिया कहा “अगर दिव्या चली जायेगी तो मेरी देख-भाल कौन करेगा और फ़िर प्रमिला भी तो जाने वाली है ये दोनो ४-५ दिन साथ रहेंगी तो प्रमिला दिव्या को सारे काम और घर का बता देगी”। मेरा भाई चला गया और मैं मेरी ननद और ससुर के साथ ससुराल में रह गयी।

दोस्तों मेरे भाई के जाने के बाद मेरी ननद प्रमिला ने मेरे को पास बुलाया और मेरे को छेड़ने लगी। मैं भी उस को छेड़ने लगी। मेरा ससुर उस समय किसी के घर गया थे। सो हमे कोई डर नहीं था, प्रमिला जब मेरे को छेड़ रही थी तब मेरे को मजा आ रहा था और उस का हाथ मेरे चूचियों और गांड पर चल रहा था। मेरी सिसकिआं निकल रही थी और मैं आआआआआआआआआआआ ईईईईईईईईईईईईईइ आआआआआआआआआअ ह्हह्हह्हह्हह्हाआआआआआआआआआआआ ऊऊईईईईईईईईईम्मम्मम्माआआआआआआआआआआआअ कर रही थी मेरी सिसकी के साथ प्रमिला का हाथ मेरे चूचियों को जोर से दबाने लगा और मैं भी प्रमिला की चूचियां दबाने लगी। धीरे धीरे प्रमिला ने मेरे कपड़े उतार दिये और मेरा कच्चा और नंगा बदन देख के उस ने मेरी चूत और गांड मैं उंगलियां डाल दी Continue reading